देहरादून प्रदेश की जनता को संबोधित करते हुए विकास योजनाओं की घोषणा के साथ-साथ अवैध मदरसों पर सख्त रुख अपनाया।
देहरादून:
उत्तराखंड सरकार के चार वर्ष पूरे होने के अवसर पर राजधानी देहरादून के परेड ग्राउंड में ‘चार साल बेमिसाल’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रदेश की जनता को संबोधित करते हुए विकास योजनाओं की घोषणा के साथ-साथ अवैध मदरसों पर सख्त रुख अपनाया।
अवैध मदरसों पर सरकार की सख्ती
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि राज्य में शिक्षा के नाम पर किसी भी तरह की कट्टरता या अलगाववाद को बढ़ावा नहीं दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार उन सभी अवैध मदरसों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है, जो नियमों का उल्लंघन कर रहे हैं या बच्चों को गलत दिशा में ले जा रहे हैं।
शिक्षा को मिलेगा नया स्वरूप
सीएम धामी ने कहा कि सरकार का उद्देश्य मदरसों को आधुनिक शिक्षा से जोड़ना है, ताकि वहां पढ़ने वाले बच्चों को बेहतर अवसर मिल सकें। उन्होंने जोर देकर कहा कि शिक्षा संस्थान समाज को जोड़ने का माध्यम होना चाहिए, न कि विभाजन का।
सांस्कृतिक विरासत की सुरक्षा पर फोकस
मुख्यमंत्री ने उत्तराखंड की सांस्कृतिक पहचान और जनसंख्या संतुलन को बनाए रखने की आवश्यकता पर भी बल दिया। उन्होंने कहा कि देवभूमि की विरासत को सुरक्षित रखना सरकार की प्राथमिकता है।
401 करोड़ की विकास योजनाओं की सौगात
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रदेश के विकास को गति देने के लिए कई अहम परियोजनाओं की घोषणा की:
- 74 परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास
- कुल लागत: 401 करोड़ रुपये
- मुख्य फोकस: शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाएं और कनेक्टिविटी को मजबूत करना
इन योजनाओं का उद्देश्य राज्य के दूरदराज क्षेत्रों तक विकास पहुंचाना है।
कार्यक्रम की मुख्य बातें:
- स्थान: परेड ग्राउंड
- अवसर: सरकार के चार वर्ष पूरे होने पर आयोजन
- थीम: ‘चार साल बेमिसाल’
- संदेश: भ्रष्टाचार मुक्त और भयमुक्त उत्तराखंड
मुख्यमंत्री का बयान:
“हमारा लक्ष्य साफ है—राज्य के बच्चों को सही दिशा और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना। किसी भी ऐसी गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा जो समाज में विभाजन पैदा करे।”
निष्कर्ष:
यह कार्यक्रम केवल सरकार की उपलब्धियों का प्रदर्शन नहीं था, बल्कि आने वाले समय के लिए एक स्पष्ट रणनीति भी प्रस्तुत करता है। मुख्यमंत्री के सख्त रुख से संकेत मिलता है कि अवैध गतिविधियों और संस्थानों के खिलाफ कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।









