झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक के बाद राज्य की राजनीति और विकास से जुड़े कई अहम फैसले सामने आए हैं। सरकार ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR और खनिज कानून जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा के लिए विधानसभा का दो दिवसीय विशेष सत्र बुलाने का निर्णय लिया है। इसके साथ ही स्वास्थ्य, शिक्षा, पुलिस व्यवस्था और खनिज नीति से जुड़े प्रस्तावों को भी मंजूरी दी गई है।
25 और 26 नवंबर को विधानसभा का विशेष सत्र
राज्य सरकार ने 25 और 26 नवंबर को विधानसभा का विशेष सत्र आयोजित करने का फैसला किया है। इसमें मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और खनिज कानून में हुए बदलावों पर चर्चा होगी। CM हेमंत सोरेन के अनुसार, इन मुद्दों पर सदन में विस्तार से विचार करना जरूरी है। सरकार का मानना है कि विशेष सत्र के माध्यम से महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा कर आगे की रणनीति तय की जा सकेगी।
5,000 बेड की मेडिको सिटी को मंजूरी
स्वास्थ्य क्षेत्र में भी झारखंड सरकार ने महत्वपूर्ण कदम उठाया है। रांची के कांके स्थित रिनपास परिसर में लगभग 5,000 बेड की क्षमता वाली मेडिको सिटी विकसित करने की योजना को मंजूरी दी गई है। परियोजना के बुनियादी ढांचे के लिए 284.17 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई है। इस परियोजना में बड़े निवेश की योजना है, जिससे राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं को मजबूत करने में मदद मिल सकती है।
शिक्षा और पुलिस व्यवस्था पर भी फैसले
कैबिनेट ने सरकारी पॉलिटेक्निक और महिला पॉलिटेक्निक संस्थानों के विद्यार्थियों को प्रशिक्षण देने के लिए भी मंजूरी दी है। इसके तहत झारखंड गवर्नमेंट टूल रूम के सहयोग से विद्यार्थियों को इंटर्नशिप और तकनीकी प्रशिक्षण उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाएगी।
इसके अलावा, राज्य के सरकारी विश्वविद्यालयों में विद्यार्थियों के स्वास्थ्य और मानसिक कल्याण से संबंधित नियमावली को मंजूरी दी गई है। पुलिस व्यवस्था के तहत थानों में CCTV कैमरे लगाने से जुड़े बकाया भुगतान के लिए 1.17 करोड़ रुपये से अधिक की प्रशासनिक स्वीकृति भी दी गई है।
खनिज नीति और विकास पर सरकार का जोर
कैबिनेट ने झारखंड खनिज अन्वेषण एवं ब्लॉक विकास नीति 2026 को भी मंजूरी दी है। इसका उद्देश्य खनिज ब्लॉकों के अन्वेषण, विकास और खनन के लिए व्यवस्थित ढांचा तैयार करना है। इन फैसलों के जरिए सरकार ने स्वास्थ्य, शिक्षा, प्रशासन और खनिज संसाधनों के प्रबंधन को अपनी प्राथमिकताओं में रखा है।








